‘वह मुझसे काफी छोटे हैं’, अय्यर की टिप्पणी से हलचल
नई दिल्ली।कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मणिशंकर अय्यर ने बुधवार को कहा कि वह गांधीवादी, नेहरूवादी और राजीववादी हैं लेकिन "राहुलवादी" नहीं हैं क्योंकि राहुल गांधी उनसे उम्र में बहुत छोटे हैं और राजनीतिक जीवन में भी उनसे बहुत दूर हैं। अय्यर ने कहा कि उन्होंने खुद को 'इंदिरावादी' नहीं कहा क्योंकि वह इंदिरा गांधी द्वारा आपातकाल की घोषणा करके "हमारे लोकतंत्र को तानाशाही में बदलने" के कदम से "पूरी तरह असहमत" थे, भले ही यह आपातकाल केवल 18 महीनों के लिए ही क्यों न रहा हो।
राहुल गांधी पर बयान का कारण
हाल ही में मीडिया में राहुल गांधी पर आए अपने बयान का जिक्र करते हुए अय्यर ने कहा, कोई मुझसे 'राहुलवादी' होने की उम्मीद कैसे कर सकता है, जबकि वह लड़का मुझसे लगभग 30 साल छोटा है और मुझे उसके साथ काम करने का मौका नहीं मिला है? अय्यर ने कहा कि उन्होंने हाल ही में कहा था कि मैं गांधीवादी हूं, मैं नेहरूवादी हूं, मैं राजीववादी हूं, लेकिन मैं राहुलवादी नहीं हूं।
गांधी, नेहरू और राजीव से जुड़ी राजनीति
अपने बयान के बारे में बताते हुए पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा, मैं छह साल का था और मेरा भाई चार साल का था जब महात्मा गांधी ने हमें गोद में उठाया और कहा था कि ये मेरी आंखों के सूरज और चांद हैं। वहां से मैं 'गांधीवादी' बन गया। नेहरू की बात करें तो जब वे प्रधानमंत्री बने तो मैं छह साल का था और जब वे पीएम नहीं रहे तो मैं 23 साल का था, उस दौर में मैं नेहरूवादी सोच में डूबे रहा इसीलिए मैं खुद को नेहरूवादी भी मानता हूं। उन्होंने कहा, मैं खुद को 'राजीवियन' कहता हूं क्योंकि उन्होंने मुझसे दो साल छोटे होने के बावजूद मुझे पीएमओ में लाकर और जो काम किए, उनसे मुझे हैरान कर दिया... मुझे यकीन नहीं हुआ। इस तरह मैं राजीवियन बन गया। उन्होंने कहा कि यह ध्यान देने वाली बात है कि मैंने खुद को 'इंदिरावादी' नहीं कहा क्योंकि वह इंदिरा गांधी द्वारा आपातकाल की घोषणा करके "हमारे लोकतंत्र को तानाशाही में बदलने" के कदम से "पूरी तरह असहमत" थे, भले ही यह आपातकाल केवल 18 महीनों के लिए ही क्यों न रहा हो।अय्यर ने आगे कहा कि आप मुझसे 'राहुलवादी' होने की उम्मीद कैसे कर सकते हैं, वह लड़का मुझसे 30 साल छोटा है, जिसके साथ मुझे काम करने का मौका नहीं मिला? अय्यर ने कहा, इसलिए मैं 'राहुलवादी' नहीं हो सकता क्योंकि वह मुझसे बहुत छोटे हैं और अपनी राजनीतिक जिंदगी में मुझसे बहुत दूर हैं। अय्यर की यह बात कांग्रेस के साथ खराब रिश्तों के बीच आई है।
‘गाली मुक्त’ गांव बना मिसाल, बदजुबानी पर सख्त नियम
क्या ट्रंप के टैरिफ से दबाव में आया चीन?
30 हजार स्टूडेंट्स पर संकट, कोर्ट का बड़ा फैसला
वोटर लिस्ट पर बवाल: विपक्ष बोला—लोकतंत्र पर सीधा हमला
मजदूरों की जिंदगी पर भारी पड़ा सफर, कई घायल
बारामती उपचुनाव में कांग्रेस का अलग रुख, उम्मीदवार न उतारने का ऐलान
पद संभालते ही एक्शन में आए तमीम इकबाल
‘इरादों पर शक गलत’—गावस्कर का बड़ा बयान
धमकी और दबाव के बीच पीड़िता ने दर्ज कराई शिकायत
यूनिवर्सिटी के लिए ब्लूप्रिंट तैयार, जल्द शुरू होगा काम